प्रत्येक 15 दिनों की निर्माण प्रगति की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने दिए निर्देश
नए सत्र से 50 सीटों के साथ मेडिकल कॉलेज प्रारंभ की तैयारी, उप मुख्यमंत्री ने व्यवस्थाएं पूर्ण करने दिए निर्देश
रायपुर, 21 मार्च 2026

उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने आज कलेक्टर कार्यालय कवर्धा में निर्माण एजेंसी, सीजीएमएससी तथा जिला अस्पताल के अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक लेकर मेडिकल कॉलेज भवन निर्माण की प्रगति और आगामी शैक्षणिक सत्र की तैयारियों की गहन समीक्षा की। बैठक में उन्होंने निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति, समय-सीमा और गुणवत्ता को लेकर अधिकारियों से विस्तार से जानकारी ली तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने स्पष्ट रूप से कहा कि मेडिकल कॉलेज भवन का निर्माण निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करना सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने निर्देशित किया कि एकेडमिक बिल्डिंग का निर्माण 31 मई 2027 तक तथा ब्वॉयज एवं गर्ल्स हॉस्टल, इंटर्न्स मेस, डीन एवं एमएस के आवास, लैब सहित अन्य सभी आवश्यक भवनों का निर्माण 31 मार्च 2027 तक हर हाल में पूरा किया जाए।
उन्होंने कहा कि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में उन्होंने निर्माण एजेंसियों को 15 दिनों में विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर प्रस्तुत करने एवं उसी के अनुरूप निर्माण कार्य को गति देने के निर्देश दिए। साथ ही, हर 15 दिन में कार्य प्रगति की रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा ताकि कार्य की नियमित समीक्षा की जा सके।
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने निर्माण कार्य की प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे प्रत्येक शुक्रवार को निर्माण स्थल का निरीक्षण करें और कार्य की वास्तविक प्रगति का आकलन करें। उन्होंने कहा कि यदि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की बाधा या समस्या आती है, तो उसे तत्काल साझा किया जाए, ताकि समय रहते उसका समाधान किया जा सके।
उन्होंने कहा कि शासन द्वारा निर्माण पूर्ण करने हेतु हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा, लेकिन निर्माण कार्य निरंतर और निर्धारित गति से जारी रहना चाहिए। उन्होंन निर्माण एजेंसी को निर्देश देते हुए कहा कि भवन निर्माण में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। सभी कार्य मानकों के अनुरूप और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं, ताकि भविष्य में छात्रों और चिकित्सा सेवाओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
नए शैक्षणिक सत्र की तैयारियों पर विशेष जोर
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने जिले में प्रारंभ होने वाले मेडिकल शिक्षा के लिए तैयारियों की विस्तार से समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि मेडिकल कॉलेज प्रारंभ करने के लिए आवश्यक सभी मूलभूत व्यवस्थाएं समय-सीमा में पूर्ण की जाएं। मेडिकल कॉलेज के सुचारू संचालन के लिए जो न्यूनतम सेटअप आवश्यक होता है, उसे प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने को कहा।
बैठक के दौरान उन्होंने मेडिकल स्टाफ और विद्यार्थियों के लिए आवासीय व्यवस्था की जानकारी लेते हुए नियमानुसार कॉलेज और रेसिडेंट्स के आवास के बीच निर्धारित दूरी का पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज की शुरुआत जिले के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, इसलिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और किसी भी प्रकार की कमी या समस्या को तत्काल दूर करते हुए सभी तैयारियां समय पर पूर्ण करें।
बैठक में अधिकारियों द्वारा जानकारी दी गई कि प्रारंभिक रूप से मेडिकल कॉलेज का संचालन आयुर्वेदिक पॉली क्लिनिक तथा रोजगार एवं उद्योग भवन में किया जाएगा। इसके लिए मेडिकल उपकरणों की उपलब्धता में किसी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए, ताकि अस्पताल की सुविधाएं मानकों के अनुरूप विकसित हो सकें और मेडिकल शिक्षा के लिए आवश्यक अधोसंरचना पूरी तरह तैयार रहे। उन्होंने स्पष्ट किया कि इन सभी व्यवस्थाओं को समय-सीमा में पूर्ण करते हुए आगामी सत्र से 50 सीटों वाले मेडिकल कॉलेज में पढ़ाई प्रारंभ की जाए।
मरीजों और परिजनों के लिए भोजन व्यवस्था सुनिश्चित करने दिए निर्देश
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने जिला अस्पताल में आने वाले मरीजों के साथ-साथ उनके परिजनों को भी समुचित भोजन सुविधा उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने कहा कि कई बार दूर-दराज से आने वाले परिजन अस्पताल में लंबे समय तक रहते हैं, ऐसे में उनके लिए भोजन की व्यवस्था होना जरूरी है। इसके लिए उन्होंने जीवन दीप समिति को निर्देश दिए कि वे सामाजिक संस्था के साथ समन्वय स्थापित कर परिसर में भोजन केंद्र का संचालन प्रारंभ करें। बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष श्री ईश्वरी साहू, नगर पालिका अध्यक्ष श्री चन्द्र प्रकाश चंद्रवंशी, उपाध्यक्ष जिला पंचायत श्री कैलाश चंद्रवंशी, आयुक्त डीएमई श्री रितेश अग्रवाल, कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा, अधिष्ठाता डॉ अजय कोशाम, अधीक्षक डॉ सुरेश सिंह ठाकुर, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ डी के तूरे सहित मेडिकल और संबंधित विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।
