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राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत किसानों को निःशुल्क मिनीकिट बीजों का वितरण

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की किसान हितैषी पहल से प्रदेश में दलहन-तिलहन फसलों को बढ़ावा

रायपुर, 13 जुलाई 2026

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की किसान हितैषी पहल से  प्रदेश में दलहन-तिलहन फसलों को बढ़ावा

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने, फसल विविधीकरण को प्रोत्साहित करने तथा जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों के अनुरूप टिकाऊ कृषि को बढ़ावा देने के लिए लगातार कार्य कर रही है। इसी क्रम में कृषि विभाग द्वारा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत प्रदेशभर में किसानों को निःशुल्क उन्नत मिनीकिट बीज वितरित किए जा रहे हैं। इस अभियान के माध्यम से दलहन एवं तिलहन फसलों का रकबा बढ़ाने पर विशेष बल दिया जा रहा है।

इसी कड़ी में बलरामपुर जिले में किसानों को अरहर, मूंग एवं उड़द के उन्नत मिनीकिट बीजों का निःशुल्क वितरण किया गया। विकासखंड वाड्रफनगर के ग्राम पंचायत वीरेंद्रनगर एवं चांदी में आयोजित विशेष कार्यक्रम में 77 किसानों को उन्नत किस्म के अरहर बीज वितरित किए गए। वहीं विकासखंड बलरामपुर के ग्राम पंचायत टांगरमहरी, सरनाडीह एवं दहेजवार में किसानों को अरहर, मूंग एवं उड़द के मिनीकिट बीज प्रदान किए गए। इन कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में किसानों ने योजना का लाभ उठाया तथा उन्हें वैज्ञानिक खेती, उन्नत बीजों के उपयोग, संतुलित पोषण प्रबंधन एवं आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी भी दी गई।

संभावित एल नीनो की परिस्थितियों को देखते हुए कृषि विभाग किसानों को अल्पावधि की धान किस्मों के साथ-साथ दलहन एवं तिलहन फसलों का रकबा बढ़ाने के लिए प्रेरित कर रहा है। इससे अनिश्चित वर्षा की स्थिति में खेती का जोखिम कम होगा, जल संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित होगा तथा कृषि उत्पादन में स्थिरता बनी रहेगी। साथ ही दलहन उत्पादन बढ़ने से किसानों की आय में वृद्धि और प्रदेश की पोषण सुरक्षा को भी मजबूती मिलेगी।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार आधुनिक, वैज्ञानिक एवं जलवायु-अनुकूल कृषि को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन कर रही है। कृषि विभाग किसानों से शासन की योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाकर आधुनिक एवं टिकाऊ खेती अपनाने का आह्वान कर रहा है, जिससे कृषि उत्पादन बढ़े और किसान आर्थिक रूप से अधिक सशक्त बन सकें।

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