पीएम स्वनिधि योजना के 6 साल पूरे, नगरीय निकायों में 30 जून तक आयोजित किए जाएंगे स्वनिधि महोत्सव और लोक कल्याण मेला
अभियान के दौरान उपलब्ध कराई जाएंगी ऋण स्वीकृति, वितरण, यूपीआई पंजीयन, क्यू-आर कोड सुविधा और डिजिटल भुगतान सेवाएं

प्रधानमंत्री जनधन योजना, आयुष्मान भारत, सामाजिक सुरक्षा बीमा, श्रमिक पंजीयन जैसी योजनाओं से जोड़े जाएंगे योजना के लाभार्थी
डिजिटल सशक्तीकरण के साथ ही साइबर सुरक्षा और सुरक्षित डिजिटल भुगतान के बारे में किया जाएगा जागरूक
स्ट्रीट वेंडर्स को केवल ऋण ही नहीं, सुरक्षा और सम्मान से भरा जीवन भी मिले – श्री अरुण साव
रायपुर. 2 जून 2026
मेहनतकश स्ट्रीट वेंडर्स के जीवन में बदलाव लाने भारत सरकार द्वारा शुरू की गई महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (PM SVANidhi) योजना के छह साल पूरे होने के मौके पर नगरीय निकायों में 30 जून तक लोक कल्याण मेलों के आयोजन किए जाएंगे। साथ ही जिला मुख्यालय वाले सभी नगरीय निकायों में जिला स्तरीय स्वनिधि महोत्सवों का भी आयोजन किया जाएगा। इन दोनों आयोजनों के माध्यम से सड़क किनारे रोजी-रोटी कमाने वालों को अपने व्यवसाय को मजबूत करने सुगमता से ऋण उपलब्ध कराने के साथ ही उनके परिवारों को सम्मान, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता से जोड़ा जाएगा।
राज्य शासन ने स्वनिधि महोत्सव और लोक कल्याण मेलों के आयोजन के लिए सभी नगरीय निकायों को परिपत्र जारी कर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए हैं। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने मंत्रालय से जारी परिपत्र में नगर निगमों के आयुक्तों तथा नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को इस अभियान को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पथ विक्रेताओं (स्ट्रीट वेंडर्स), शहरी गरीबों एवं असंगठित श्रमिकों को वित्तीय समावेशन, डिजिटल सशक्तीकरण और सामाजिक सुरक्षा के लाभों से जोड़ने के निर्देश दिए हैं।
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की सचिव श्रीमती शंगीता आर. ने बताया कि प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में लोक कल्याण मेले लगाए जाएंगे, जबकि जिला मुख्यालयों में विशेष रूप से स्वनिधि महोत्सव आयोजित किए जाएंगे। इन आयोजनों में बैंकों के प्रतिनिधि छोटे व्यापारियों को ऋण स्वीकृति, वितरण, यूपीआई (UPI) पंजीयन, क्यू-आर (QR) कोड सुविधा और डिजिटल भुगतान संबंधी सेवाएं तत्काल उपलब्ध कराएंगे। स्वनिधि महोत्सव और लोक कल्याण मेला छोटे व्यापारियों को आर्थिक मजबूती के साथ सामाजिक सम्मान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
संघर्ष से सम्मान तक का अभियान
छत्तीसगढ़ के शहरों में बड़ी संख्या में ऐसे परिवार हैं जिनकी आजीविका फुटपाथ, ठेले और छोटी दुकानों पर निर्भर हैं। कोरोना काल के बाद आर्थिक संकट से जूझ रहे इन परिवारों के लिए पीएम स्वनिधि योजना संजीवनी साबित हुई है। अब सरकार इस अभियान के माध्यम से उन लाभार्थियों तक भी पहुंचना चाहती है जो अब तक इस योजना से नहीं जुड़ पाए हैं।
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि योजना का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े जरूरतमंद व्यक्ति तक पहुंचे। इसी उद्देश्य से बैंकों को लंबित ऋण प्रकरणों का त्वरित निराकरण करने और फास्ट-ट्रैक प्रक्रिया के माध्यम से नए आवेदनों पर शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि जब एक रेहड़ी लगाने वाले व्यक्ति को समय पर पूंजी मिलती है, तो केवल उसका व्यवसाय ही नहीं बढ़ता, बल्कि उसके बच्चों की पढ़ाई, परिवार की सुरक्षा और जीवन की उम्मीद भी मजबूत होती है।
डिजिटल भारत से जुड़ेंगे छोटे व्यापारी
इस विशेष अभियान में डिजिटल सशक्तीकरण पर भी विशेष जोर दिया जाएगा। पेटीएम, फोनपे, भीम और भारतपे जैसी डिजिटल पेमेंट एजेंसियों के प्रतिनिधि मेले में मौजूद रहेंगे। व्यापारियों के यूपीआई और क्यू-आर कोड ऑन-बोर्डिंग का कार्य मौके पर ही किया जाएगा। साथ ही साइबर सुरक्षा और सुरक्षित डिजिटल भुगतान को लेकर जागरूकता सत्र भी आयोजित होंगे, ताकि छोटे कारोबारी डिजिटल लेन-देन को बिना डर और आत्मविश्वास के साथ अपना सकें।
महिलाओं और दिव्यांग व्यापारियों को मिलेगा विशेष सम्मान
अभियान के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यापारियों को मेले में सम्मानित किया जाएगा। विशेष रूप से महिला स्ट्रीट वेंडर्स और दिव्यांग व्यापारियों को मंच पर सम्मान देकर उनकी मेहनत और संघर्ष को पहचान दी जाएगी। इतना ही नहीं, उनके बच्चों की शिक्षा, खेल और कला के क्षेत्र की उपलब्धियों को भी सम्मानित किया जाएगा।
जनकल्याण योजनाओं से भी जोड़े जाएंगे हितग्राही
अभियान के दौरान पात्र हितग्राहियों को प्रधानमंत्री जनधन योजना, आयुष्मान भारत, सामाजिक सुरक्षा बीमा और श्रमिक पंजीयन जैसी योजनाओं से भी जोड़ा जाएगा। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सुगमता से ऋण उपलब्ध कराने के साथ ही सुरक्षा और सम्मान से भरा जीवन उपलब्ध कराना भी इन आयोजनों का मकसद है।
माहव्यापी स्वनिधि महोत्सवों और लोक कल्याण मेलों का आयोजन केवल एक प्रशासनिक अभियान नहीं, बल्कि उन मेहनतकश लोगों के सपनों को नई उड़ान देने की पहल है, जो हर दिन संघर्ष करते हैं, लेकिन हार नहीं मानते। यह अभियान हजारों परिवारों के जीवन में बदलाव की नई रोशनी लेकर आएगा।
नगरीय प्रशासन विभाग द्वारा इस माह आयोजित स्वनिधि महोत्सव और लोक कल्याण मेला रेहड़ी-पटरी व्यावसायियों को आर्थिक सहायता, डिजिटल सशक्तीकरण और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ेगा। मेले में ऋण वितरण, यूपीआई-क्यूआर सुविधा, जनधन, आयुष्मान और बीमा योजनाओं का लाभ दिया जाएगा। सरकार छोटे व्यापारियों को आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन देने के लिए प्रतिबद्ध है। हर पात्र हितग्राही तक योजना का लाभ पहुंचाया जाएगा। प्रदेश का हर मेहनतकश नागरिक आत्मनिर्भर बने, यही सरकार की प्राथमिकता है। – श्री अरुण साव, उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री


